एक बार फिर ‘निर्भया कांड’:चलती बस में 16 वर्षीय यूपी की किशोरी से सामूहिक दुष्कर्म,ड्राइवर-कंडक्टर अरेस्ट…
देश की राजधानी में एक बार फिर ‘निर्भया कांड’ की तर्ज पर एक 16 वर्षीय 11वीं की छात्रा से बलात्कार का मामला सामने आया है। चलती बस में ड्राइवर और कंडक्टर ने दुष्कर्म करने के बाद पीड़िता को कश्मीरी गेट के पास रिंड रोड पर छोड़कर फरार हो गए थे। पीड़िता की शिकायत पर दोनों आरोपितों को कश्मीरी गेट थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस बीच करीब 47 किमी तक चलती बस में किशोरी दरिंदगी का शिकार होती रही।घटना 4 अगस्त की है, पुलिस ने 31 अगस्त को इसकी जानकारी दी।पुलिस के मुताबिक पीड़ित ग्रेटर नोएडा के परी चौक पर बस में बैठी। आरोपियों ने उसे कश्मीरी गेट पर छोड़ा। इस दौरान बस करीब 47 किमी दौड़ती रही। बस के शीशों पर पर्दे लगे थे।पीड़ित उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले की रहने वाली है और 11वीं की छात्रा है। इस घटना ने महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुलिस के मुताबिक, पीड़ित यूपी के मैनपुरी की रहने वाली है। परिवार में झगड़ा होने पर बिना बताए नोएडा में कजिन के घर के लिए बस से निकली। मैनपुरी से नोएडा की दूरी 300 किमी से ज्यादा है।भारी बारिश और अंधेरे के कारण छात्रा गलती से परी चौक पर उतर गई थी। फिर यहां से नोएडा जाने के लिए वाहन का इंतजार करने लगी। इसी बीच वहां से एक खाली स्लीपर बस गुजरी। छात्रा ने बस को रुकने का इशारा किया।ड्राइवर और कंडक्टर ने छात्रा को बस में बैठा लिया। उन्होंने बताया कि बस नोएडा सेक्टर-63 जा रही है।बस में चढ़ने के बाद पीड़िता को अहसास हुआ कि उसमें कोई अन्य यात्री नहीं था। पुलिस के मुताबिक, बस चलने के कुछ समय बाद कंडक्टर ने छात्रा के साथ अश्लील हरकत करने की कोशिश की।छात्रा ने पुलिस को बताया कि ड्राइवर और कंडक्टर ने उसके साथ रेप किया। विरोध करने पर दोनों ने उसे जान से मारने की धमकी दी।दोनों ने देर रात छात्रा को कश्मीरी गेट बस टर्मिनल के पास रिंग रोड पर उतार दिया। इसके बाद दोनों वहां से फरार हो गए। छात्रा ने रात में ही कश्मीरी गेट पुलिस से संपर्क कर घटना की जानकारी दी।
पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया और उसकी शिकायत पर सामूहिक दुष्कर्म, अपहरण व मारपीट की धाराओं में मामला दर्ज किया। जांच के दौरान कोतवाली एसीपी शंकर बनर्जी की देखरेख में गठित टीम ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी चालक कुलदीप और कंडक्टर संदीप को तिमारपुर पार्किंग से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल स्लीपर बस को भी जब्त कर लिया है।बस की फोरेंसिक जांच की जा रही है।बस के अंदर ड्राइवर की सीट के पास स्टेयरिंग पर कंबल रखा नजर आया। अंदर सीटों के बीच के गलियारे में एक चादर भी पड़ी मिली। यह बस विश्वनाथ ट्रांसपोर्ट कंपनी की है। बस का नंबर है- UP83E T3789 है। इसी खिड़कियों पर पर्दा लगा हुआ था।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक घटना वाले दिन बस में खराबी आने के बाद आरोपी उसे मरम्मत के लिए सूरजपुर (नोएडा) की एक वर्कशॉप में ले गए थे।मरम्मत पूरी होने के बाद ड्राइवर और कंडक्टर खाली बस को तिमारपुर ले जा रहे थे, तभी परी चौक पर छात्रा ने रुकने का इशारा किया।पुलिस ने बताया कि दोनों ने बस के पर्दे वाले अंदरूनी हिस्से का इस्तेमाल देर रात सफर के दौरान अपराध छिपाने के लिए किया। इससे बाहर से गुजर रहे लोग अंदर नहीं देख सके।
