बाबा बर्फानी ने दे दिए दर्शन,पवित्र गुफा में 6-7 फीट का शिवलिंग बना, सुरक्षा में तैनात जवानों ने दर्शन किए…
अमरनाथ यात्रा को लेकर शहर के मंदिरों और विश्राम घरों में तैयारियां तेज हो गई हैं। भगवती नगर यात्री निवास में साफ-सफाई, मरम्मत और रंग-रोगन का कार्य युद्धस्तर पर जारी है। प्रशासन और पर्यटन विभाग बाबा बर्फानी के भक्तों के स्वागत को लेकर व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुटा है।अमरनाथ यात्रा शुरू होने से पहले शनिवार को बाबा बर्फानी की पहली तस्वीरें सामने आ गई हैं। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में दिख रहा है कि 6 से 7 फीट का शिवलिंग अपना आकार ले चुका है।
श्री अमरनाथ 2026 की वार्षिक यात्रा अधिकारिक तौर पर 3 जुलाई से शुरू होनी है, लेकिन पवित्र गुफा में विराजमान हिम शिवलिंग ‘बाबा बर्फानी’ के दर्शन का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है।इस वीडियो में प्राकृतिक रूप से बने विशाल बर्फानी शिवलिंग के अद्भुत और दिव्य स्वरूप को देखा जा सकता है। यात्रा की सुरक्षा में तैनात सुरक्षाबल के जवान इस वीडियो में हिमशिवलिंग के दर्शन करते हुए दिख रहे हैं।बर्फ से प्राकृतिक रूप से बने शिवलिंग का पूर्ण और भव्य स्वरूप दिखाई दे रहा है, जिसे देखकर श्रद्धालुओं में खुशी की लहर दौड़ गई है। हर साल की तरह इस बार भी बाबा बर्फानी व शिव परिवार का पूर्ण आकार में प्रकट होना बेहद शुभ संकेत माना जा रहा है, जिससे भक्तों में खास उत्साह देखने को मिल रहा है।सुरक्षा के लिए तैनात जवानों ने सबसे पहले शिवलिंग के दर्शन भी किए। अमरनाथ यात्रा इस साल 3 जुलाई 2026 से शुरू होकर 9 अगस्त 2026 तक चलेगी।
इस साल की अमरनाथ यात्रा के लिए अब तक 3.6 लाख से ज्यादा श्रद्धालु रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं। यात्रा मार्ग पर कई जगह अब भी 10 से 12 फीट तक बर्फ जमी है, लेकिन सीमा सड़क संगठन (BRO) दोनों रास्तों पर तेजी से ट्रैक बहाल करने में जुटा है। अधिकारियों का दावा है कि 15 जून तक दोनों रास्ते पूरी तरह तैयार कर दिए जाएंगे।5 से 30 लोगों के ग्रुप में यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं के लिए रजिस्ट्रेशन बुधवार को बंद हो गए। हालांकि, अकेले या छोटे ग्रुप में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए स्लॉट खाली रहने तक रजिस्ट्रेशन जारी रहेंगे।रजिस्ट्रेशन पंजाब नेशनल बैंक, जम्मू-कश्मीर बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया और यस बैंक की तय शाखाओं के जरिए हो रहा है। अधिकारियों को उम्मीद है कि इस साल यह संख्या 5 लाख के पार जा सकती है। 2025 में 4.14 लाख श्रद्धालुओं ने दर्शन किए थे, जबकि 2024 में यह आंकड़ा 5.10 लाख से ज्यादा था।वहीं श्राइन बोर्ड ने अपील की है कि यात्रा के दौरान श्रद्धालु केवल आधिकारिक रूप से जारी सूचनाओं पर ही भरोसा करें और बिना पंजीकरण यात्रा न करें। मौसम और स्वास्थ्य संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है।
