वोटिंग से 48 घंटे पहले फलता उपचुनाव की रेस से बाहर हुए TMC उम्मीदवार जहांगीर खान…
पश्चिम बंगाल की फालता विधानसभा सीट पर दोबारा वोटिंग से दो दिन पहले तृणमूल कांग्रेस (TMC) उम्मीदवार जहांगीर खान ने चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया है। जहांगीर ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसकी घोषणा की।बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे फेज यानी 29 अप्रैल को फालता में वोटिंग हुई थी। इस दौरान कुछ बूथ पर EVM में भाजपा के बटन पर टेप चिपका मिला। कई अन्य बूथों पर भी EVM में गड़बड़ी की खबरें आईं। इसके बाद चुनाव आयोग ने 21 मई को दोबारा वोटिंग के आदेश दिए। रिजल्ट 24 मई को आएगा।
‘पुष्पा’ के नाम से मशहूर और खुद को इस जंग में अकेला पा चुके तृणमूल कांग्रेस के प्रत्याशी जहांगीर खान ने अचानक चुनावी मैदान छोड़ दिया है।मंगलवार को चुनाव प्रचार के आखिरी दिन जहांगीर ने एलान किया, “मैं अब यह चुनाव नहीं लड़ रहा हूं।”जहांगीर खान ने एक प्रेस कांफ्रेंस में कहा, “मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने फलता के विकास के लिए ‘स्पेशल पैकेज’ की घोषणा की है। मैं इस चुनाव से पीछे हट रहा हूं।”
पश्चिम बंगाल के CM शुभेंदु अधिकारी ने जहांगीर के फैसले पर कहा-“उनके पास कोई दूसरा ऑप्शन नहीं था, क्योंकि उन्हें कोई पोलिंग एजेंट तक नहीं मिलेगा। इसलिए उन्होंने चुनाव से भागने का फैसला किया।”
TMC ने पूरे मामले पर कहा है कि जहांगीर खान का चुनाव से हटने का फैसला उनका निजी है, यह पार्टी का फैसला नहीं है।जहांगीर खान ने चुनाव प्रचार के दौरान खुद को फिल्म ‘पुष्पा’ के किरदार की तरह पेश किया था। उन्होंने कई बार फिल्म का चर्चित डायलॉग ‘पुष्पा झुकेगा नहीं साला’ भी बोला था। उन्होंने खुद को इलाके के ऐसे मजबूत नेता के रूप में पेश किया, जो किसी दबाव के सामने नहीं झुकेगा।
फालता में नॉमिनेशन और नाम वापस लेने की समय सीमा खत्म हो चुकी है। 19 मई को चुनाव प्रचार का आखिरी दिन है। चुनाव आयोग के सूत्रों के मुताबिक, जहांगीर खान ने भले ही अपना नाम वापस लेने की घोषणा कर दी हो, लेकिन आधिकारिक तौर पर चुनाव से नाम वापस लेना संभव नहीं है। ऐसे में वे अब भी TMC के उम्मीदवार कहलाएंगे। पार्टी दूसरे उम्मीदवार को चुनावी मैदान में नहीं ला सकती।
