विश्व कुश्ती चैंपियनशिप:मनीषा विमेंस वर्ल्ड रेसलिंग जीतने वाली पहली भारतीय महिला….
भारत की बेटी मनीषा भनवाला ने शुक्रवार (30 अक्टूबर) इतिहास के पन्नों में अपना दर्ज करवा लिया। वह भारत के लिए वर्ल्ड वुमेंस रेसलिंग चैंपियन का खिताब जीतने वाली पहली खिलाड़ी बनीं। सीधे-सीधे कहा जाए, तो मनीषा भारत के लिए पहली महिला पहलवान बनीं, जिन्होंने विश्व कुश्ती चैंपियन का खिताब अपने नाम किया। मनीषा ने अमेरिकी पहलवान एबिगेल नेट को 8-6 से हराकर कमाल किया।मनीषा की यह जीत इसलिए भी खास रही, क्योंकि फाइनल मुकाबले में वह एक समय 0-6 से पिछड़ रही थीं। हालांकि, उन्होंने शानदार वापसी करते हुए अमेरिकी पहलवान को 8-6 से शिकस्त दी और भारत को ऐतिहासिक स्वर्ण दिलाया।
मनीषा भानवाला विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाली दूसरी भारतीय पहलवान बन गई हैं। उनसे पहले सुशील कुमार ने साल 2010 में पुरुषों के 66 किलोग्राम भारवर्ग में विश्व खिताब जीता था। अब मनीषा ने महिला कुश्ती में यह उपलब्धि हासिल कर भारतीय खेल इतिहास में अपना नाम दर्ज करा लिया है।इस बार विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में भारतीय महिला पहलवानों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। चैंपियनशिप के एक ही संस्करण में पहली बार भारत की तीन महिला पहलवान स्वर्ण पदक मुकाबलों तक पहुंचीं। मनीषा भानवाला ने स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रचा, जबकि नीलम सिरोही (50 किलोग्राम) और काजल ढोचक (76 किलोग्राम) को अपने-अपने फाइनल मुकाबलों में हार के बाद रजत पदक से संतोष करना पड़ा। वहीं, तनुमु शर्मा ने कांस्य पदक जीतकर भारत के पदकों की संख्या में इजाफा किया।इससे पहले मनीषा ने सेमीफाइनल में कजाखस्तान की अल्तिन शगायेवा को एकतरफा मुकाबले में हराकर फाइनल में जगह बनाई थी। मनीषा की इस ऐतिहासिक उपलब्धि ने भारतीय महिला कुश्ती को नई पहचान दी है। विश्व चैंपियनशिप में गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय महिला पहलवान बनकर उन्होंने देश का गौरव बढ़ाया है।
