वेनेजुएला भूकंप में अब तक 589 की मौत:करीब 4000 घायल, 39,000 लोग लापता,भारत बना सहारा, फील्ड हॉस्पिटल यूनिट समेत भेजी 35 टन मदद…
वेनेजुएला में आए भीषण भूकंप से अब तक 589 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 4000 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।पूरे देश में 39,000 से ज्यादा लोग लापता हैं। कई लोगों के अभी भी मलबे में दबे होने की आशंका है जिन्हें निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। इस विनाशकारी भूकंप के मलबे के बीच जहां चारों ओर सिर्फ मौत और तबाही का मंजर था वहां बचाव दल के सामने एक ऐसा वाकया हुआ जिसने हर किसी की आंखें नम कर दीं। कराकस शहर की सड़क पर मलबे के नीचे दबी एक गर्भवती महिला को लेबर पेन शुरू हो गया और उसने मलबे के अंदर ही एक बच्चे को जन्म दिया।चारों तरफ कंक्रीट और तबाही होने के बावजूद, मां और नवजात बच्चा दोनों सुरक्षित बच गए। बचाव दल ने मौके पर ही उन्हें जरूरी मेडिकल मदद दी और फिर सावधानी से अस्पताल पहुंचाया, जहां दोनों का इलाज चल रहा है।लोग मां की हिम्मत और बचाव दल के काम की जमकर तारीफ कर रहे हैं।सड़कों पर रेस्क्यू कैंप्स में लोगों का इलाज चल रहा है। लोग अपने लोगों को ढूंढ रहे हैं। मलबा हटाने की कोशिशें की जा रही है और रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है।
उत्तरी वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप के बाद भारत ने मानवीय सहायता और आपदा राहत के तहत ऑपरेशन अमिस्ताद शुरू किया है। इस अभियान के माध्यम से भारत ने प्रभावित लोगों को तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने की पहल की है।इसके लिए भारतीय सेना की एक विशेष मेडिकल टुकड़ी को वेनेजुएला रवाना किया गया है। भारतीय सेना के 60 पैरा फील्ड हॉस्पिटल से 41 सदस्यीय दल, भारतीय वायुसेना के दो विमानों से वेनेजुएला के लिए रवाना हुआ है। इनमें नौ अनुभवी सैन्य चिकित्सक भी शामिल हैं। यह दल वेनेजुएला के आपदा-प्रभावित क्षेत्रों में आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं, गंभीर रूप से घायल लोगों का उपचार, सर्जरी, ट्रॉमा प्रबंधन तथा प्रभावित लोगों को गहन चिकित्सा प्रदान करेगा।भारतीय सेना के अनुसार उनकी यह मेडिकल टीम अपने साथ लगभग छह टन चिकित्सा सामग्री और मानवीय राहत सामग्री लेकर गई है। इनमें भारत के आरोग्य मैत्री परियोजना के तहत विकसित अत्याधुनिक भीष्म क्यूब भी शामिल है। यह एक मॉड्यूलर और तेजी से तैनात किया जा सकने वाला फील्ड अस्पताल है। यह एक ऐसा सिस्टम है जो आपदा प्रभावित क्षेत्रों में उन्नत ट्रॉमा केयर, आपातकालीन सर्जरी और गहन चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने में सक्षम है।
वेनेजुएला के लोगों के प्रति एकजुटता व्यक्त करते हुए भारत ने स्पष्ट संदेश दिया है कि भारत इस संकट में मदद के लिए मौजूद है; हम आपके साथ हैं।ऑपरेशन अमिस्ताद भारत की उस मानवीय सोच को भी दर्शाता है, जो ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ अर्थात ‘पूरा विश्व एक परिवार है’ के सिद्धांत पर आधारित है।इसी बीच, विदेश मंत्री एस जयशंकर ने एक्स पर पोस्ट किया कि ऑपरेशन अमिस्ताद जारी है। उन्होंने लिखा, ”भारतीय वायु सेना के दो सी-17 विमान भूकंप प्रभावित वेनेजुएला के राहत एवं बचाव प्रयासों में सहायता के लिए तत्काल राहत सामग्री लेकर रवाना हुए। इस सहायता में भारतीय सेना की फील्ड हॉस्पिटल यूनिट के साथ 35 टन से अधिक राहत सामग्री, दवाइयां और चिकित्सा उपकरण शामिल हैं। इसके अलावा दो भीष्म क्यूब भी भेजे गए हैं। भारत इस कठिन समय में वेनेजुएला की सरकार और वहां के लोगों के साथ खड़ा है तथा हरसंभव सहायता देने के लिए प्रतिबद्ध है।”
