इन हेल्थ कंडीशन में नहीं खाएं सोयाबीन, होंगे बड़े नुकसान ?
लालकिला पोस्ट डेस्क
आमतौर पर मसल्स बनाने या वेट कम करने वाले डाइट प्लान में लोग प्रोटीन के सप्लीमेंट्स के लिए सोयाबीन को शामिल कर लेते हैं और रोज इसे बड़े चाव से खाते हैं। लेकिन एमिनो एसिड, कैल्शियम और फाइबर से भरपूर सोयाबीन कई लोगों के लिए हार्मफुल हो सकता है। हाइपरटेंशन से लेकर किडनी तक की बीमारियों को सोयाबीन बढ़ा सकता है। डॉक्टरों की मानें तो सोयाबीन से होने वाली एलर्जी गेहूं के प्रोडक्टस से होने वाली लर्जी से ज्यादा होती है। कुछ हेल्थ कंडीशन में इसे अवॉइड करना चाहिए नहीं तो बीमारी बढ़ सकती है। आइए जानते हैं इन हेल्थ कंडीशन के बारे में।
नंबर एक- थायरॉइड के पेशेंट को
सोयाबीन में पाए जाने वाले कुछ एमिनो एसिड हार्मोन को प्रभावित करते हैं और थायरॉइड थायरॉक्सिन हार्मोन के कम या ज्यादा होने से ही होता है। ऐसे में थायरॉइड के मरीजों को इससे दूरी बनाकर रखना चाहिए।
नंबर दो- किडनी की प्रॉब्लम होने पर
किडनी का काम प्रोटीन को फिल्टर करना भी होता है और सोयाबीन में भरपूर मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है। ऐसे में जिन लोगों को किडनी से संबधित कोई भी बीमारी है, उन्हें सोयाबीन नहीं खाना चाहिए।
नंबर तीन- प्रेग्नेंट महिलाएं
डॉक्टरों की मानें तो सोयाबीन में कुछ एमिनो एसिड्स होते हैं, जो बच्चे की न्यूरल ग्रोथ को रोक सकते हैं। इसलिए प्रेग्नेंट महिलाओं को इसे अवॉइड करना चाहिए।
और नंबर चार- हार्ट प्रॉब्लम
अगर आपको किसी भी तरह की हार्ट समस्या है, तो सोयाबीन नहीं खाना चाहिए। रिसर्च के अनुसार इसमें ट्रांस फैट होता है जो दिल के लिए अच्छा नहीं होता है। ये हाइपरटेंशन बढ़ाने का भी काम करता है।
